Google Analytics —— Meta Pixel
newscreation

newscreation

 

नई दिल्ली। अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान पर किए गए साझा सैन्य हमलों के बाद मिडिल ईस्ट में बिगड़ते हालातों के बीच भारत के विदेश मंत्री डॉ एस जयशंकर ने मोर्चा संभाल लिया है। उन्होंने ईरान, इजराइल और सभी प्रमुख खाड़ी देशों के नेतृत्व के साथ उच्च-स्तरीय फोन कॉल्स की एक श्रृंखला शुरू की है। इसका उद्देश्य न केवल हिंसा को रोकना है, बल्कि वहां रहने वाले लाखों भारतीयों की सुरक्षा की गारंटी लेना भी है।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक जयशंकर ने हिंसा को रोकने के लिए बातचीत और डिप्लोमेसी पर जोर दिया, साथ ही इस अस्थिर क्षेत्र में लाखों भारतीयों की भलाई का भरोसा भी दिलाया है। उन्होंने ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची और इजराइली समकक्ष गिदोन सार से सीधे बात की। जयशंकर ने ईरान में बढ़ती उथल-पुथल पर गहरी चिंता व्यक्त की। इजराइल से उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत तनाव कम करने के लिए बातचीत और कूटनीति पर जोर देता है। उनकी बातचीत सऊदी अरब के प्रिंस फैसल बिन फरहान अल सऊद, कुवैत के शेख जर्राह जाबेर अल-अहमद अल-सबाह, बहरीन के अब्दुल्लातिफ बिन राशिद अल ज़यानी, कतर के पीएम मोहम्मद बिन अब्दुलरहमान बिन जसी


मुख्यमंत्री ने कूनो नदी में रिलीज किये घड़ियाल और कछुए

गैर विवादित स्थल पर ही हो होलिका दहन
पुलिस थानों और कार्यालयों का औचक निरीक्षण करेंगे
आगामी सभी त्यौहारों को लेकर विशेष सजगता और सतर्कता रखें, पेट्रोलिंग बढ़ाएं
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वीसी से की प्रदेश में कानून-व्यवस्था की समीक्षा

होली पर्व की शुभकामनाओं का हुआ परस्पर आदान-प्रदान

होली पर्व की शुभकामनाओं का हुआ परस्पर आदान-प्रदान

होली पर्व की शुभकामनाओं का हुआ परस्पर आदान-प्रदान

 

रायपुर : 

 

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में नक्सल प्रभावित अंचलों में विकास की नई रफ्तार देखने को मिल रही है। सुकमा जिला प्रशासन के सतत प्रयासों से अब दूरस्थ और पहाड़ी ग्रामों में आजीविका के नए अवसर सृजित हो रहे हैं। नियद नेल्लानार योजना में शामिल ग्रामों में विभिन्न विभागीय योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है, जिससे ग्रामीण जीवन में सकारात्मक परिवर्तन दिखाई देने लगा है।

जनपद पंचायत कोंटा अंतर्गत पूर्व में घोर नक्सल प्रभावित रहे पहाड़ी ग्राम गोगुण्डा में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत संचालित बिहान योजना ने महिलाओं के जीवन में आशा की नई किरण जगाई है। विद्या महिला संकुल संगठन के अंतर्गत राम स्व-सहायता समूह की सदस्य श्रीमती गंगी मुचाकी ने अपने घर पर ग्राम की पहली किराना दुकान प्रारंभ कर आत्मनिर्भरता की मिसाल प्रस्तुत की है।

उल्लेखनीय है कि प्रशासन की विशेष पहल से हाल ही में गोगुण्डा में पहली बार विद्युत सुविधा उपलब्ध हुई है। साथ ही पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा आधारभूत संरचना और निर्माण कार्यों को गति दी जा रही है। ऐसे सकारात्मक परिवर्तनों के बीच ग्राम में पहली किराना दुकान शुरू होना एक उपलब्धि है। इससे ग्रामीणों को दैनिक आवश्यक वस्तुओं के लिए दूरस्थ क्षेत्रों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा, साथ ही स्थानीय आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा। बिहान योजना के माध्यम से स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को स्वरोजगार के अवसर प्रदान किए जा रहे हैं। दुब्बाटोटा क्लस्टर की पीआरपी श्रीमती मंजू कट्टम के मार्गदर्शन से यह पहल साकार हुई। यह प्रयास सामाजिक आत्मविश्वास और समग्र विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम भी है।

 

रायपुर : 

 

उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा आज महासमुंद जिले के ठाकुरदिया खुर्द में आयोजित राम मंदिर के भूमिपूजन कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने विधिवत पूजा-अर्चना कर भूमिपूजन किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच मंदिर निर्माण की आधारशिला रखी गई। उपमुख्यमंत्री ने कहा कि भगवान श्रीराम भारतीय संस्कृति और मर्यादा के प्रतीक हैं तथा राम मंदिर का निर्माण समाज की आस्था और एकता का प्रतीक है।

ठाकुरदिया खुर्द में राम मंदिर का उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने किया भूमिपूजन

उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि अयोध्या में निर्मित श्री राम मंदिर सनातन समाज के संकल्प और आस्था की अद्भुत मिसाल है। उसी प्रेरणा से गांव-गांव में धार्मिक और सांस्कृतिक स्थलों का विकास होना चाहिए। अयोध्या के भगवान राम के मंदिर से ईंट लेकर इस मंदिर का निर्माण किया जा रहा है। अयोध्या का श्री राम मंदिर अपने आप में विशेष है वह सनातनी मान बिंदु है, कई आक्रान्ता आये और हमारे मंदिरों को छिन्न भिन्न कर दिया था, उस समय समाज के लोगों ने संकल्प लिया होगा और 500 साल बाद राम मंदिर फिर भव्य रूप में बनकर खड़ा है।

आज इस मन्दिर का निर्माण का प्रारम्भ अयोध्या से लाई ईंट से हो रहा जो बहुत अद्भुत है। संकल्प लेकर मंदिर निर्माण का कार्य समय पर पूरा करें। उन्होंने मंदिर हेतु समाज द्वारा प्रदान किए गए दान की भी सराहना की। इस अवसर पर उन्होंने ठाकुरदिया खुर्द में 20 लाख रुपए की लागत से सामाजिक भवन तथा पिथौरा जनपद पंचायत में 25 लाख रुपए की लागत से सभाभवन निर्माण की घोषणा भी की।

इस अवसर पर श्री उमेशानंद गिरी महाराज, श्री कृष्णानन्द गिरी महाराज, सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी, पूर्व केबिनेट मंत्री आन्ध्र प्रदेश श्री अमर सिंग तिलावत, जिला भाजपा अध्यक्ष एतराम साहू, पूर्व सांसद चुन्नीलाल साहू, जिला पंचायत अध्यक्ष मोंगरा पटेल, जनपद अध्यक्ष उषा पुरर्षोत्तम घृतलहरे, जनपद उपाध्यक्ष ब्रह्मानंद पटेल, जिला पंचायत उपाध्यक्ष भिखम ठाकुर भाजपा जिला प्रवक्ता स्वप्निल तिवारी, महिला मोर्चा जिला अध्यक्ष स्मिता चंद्राकर, युवा मोर्चा जिला अध्यक्ष अमन वर्मा, युवा जिला अध्यक्ष बाला चंद्राकर, आयोजन समिति के श्री अजय नायक उपस्थित रहे।

 

रायपुर :

 

संत परंपरा और आध्यात्मिक चेतना समाज को सही दिशा देती है, और जब शासन व्यवस्था इन मूल्यों से जुड़ती है, तो विकास और संस्कार दोनों साथ-साथ आगे बढ़ते हैं। संत कबीर की वाणी समाज को जोड़ती है, सरकार का संकल्प जनजीवन संवारता है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज राजनांदगांव जिले के डोंगरगांव विकासखंड के ग्राम नादिया स्थित कबीर मठ आश्रम में आयोजित अखिल भारतीय सद्गुरु कबीर संत सम्मेलन फाल्गुन महोत्सव को संबोधित करते हुए यह बात कही।

मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अवसर पर आश्रम में विकास कार्य के लिए 11 लाख रुपए स्वीकृत करने की घोषणा की। उन्होंने मठ आश्रम परिसर में स्थायी डोम निर्माण और प्रतिवर्ष आयोजन के लिए बजट में राशि का प्रावधान करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने ग्राम नादिया में मिनी स्टेडियम के निर्माण की घोषणा की, साथ ही राजनांदगांव शहर में कबीर साहेब के नाम भव्य प्रवेश द्वार निर्माण की भी घोषणा की।

मुख्यमंत्री श्री साय ने संत सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि 202 साल पहले पूज्य सद्गुरु सेवा साहब जी ने नादिया जैसे गांव में कबीर मठ की स्थापना की। हलबा समाज के संत स्वरूप मंतू ठाकुर जी ने आश्रम की सेवा के लिए अपनी समस्त संपत्ति अर्पित कर दी। श्री साय ने कहा कि हलबा समाज का गौरवशाली और समृद्ध इतिहास रहा है। हलबा समाज से गेंदसिंह जी जैसे महानायक हुए हैं।

मुख्यमंत्री श्री साय ने छत्तीसगढ़ में सद्गुरु कबीर के प्रभाव का उल्लेख करते हुए कहा कि हमारे प्रदेश में सद्गुरु संत कबीर का बड़ा प्रभाव है। उन्होंने अपने बचपन से ही कबीर पंथ से जुड़ाव का उल्लेख करते हुए कहा कि कुनकुरी में कबीरपंथ का बड़ा आश्रम है। बचपन से ही पंथ के रीति-रिवाजों से मैं भलीभांति परिचित रहा।छत्तीसगढ़ का जिला कबीरधाम सद्गुरु के नाम पर है। यहां के लोकजीवन में कबीर की वाणी का प्रभाव है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि कबीर दास जी के दोहों में जीवन का संदेश है। उन्होंने ‘निंदक नियरे राखिए’ जैसे कबीर संत के दोहों को दोहराया। श्री साय ने कहा कि संत कबीर कहते थे कि हमारे भीतर अपनी कमियों को सुनने का साहस होना चाहिए, ताकि हम खुद को बेहतर बना सकें। उनके दोहों में आदर्श जीवन और मानव समाज के हित के संदेश हैं, इसलिए हमें कबीरदास जी के बताए मार्ग पर चलना चाहिए।

उन्होंने कहा कि हमारा छत्तीसगढ़ धान का कटोरा है, जहां की 80 प्रतिशत आबादी कृषि अर्थव्यवस्था से जुड़ी है। हमने सुव्यवस्थित धान खरीदी की। धान बेचने के 48 घंटे के भीतर किसानों के खाते में राशि पहुंचे, यह सुनिश्चित किया। शनिवार को हमने 25 लाख 28 हजार से अधिक किसानों के खातों में कृषक उन्नति योजना के माध्यम से 10 हजार करोड़ रुपए से अधिक की राशि अंतरित की। महतारी वंदन योजना अंतर्गत प्रदेश की 69 लाख से अधिक माताओं-बहनों के खातों में 15 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा का भुगतान किया है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि मोदी की गारंटी में हमने वादा किया था कि सरकार बनते ही प्राथमिकता के आधार पर 18 लाख आवास प्रदान करेंगे। हमने शपथ लेने के 24 घंटे के भीतर ही पहली कैबिनेट बुलाकर 18 लाख प्रधानमंत्री आवासों की स्वीकृति दे दी। आज 8 लाख से ज्यादा मकान बन चुके हैं, जिनका गृह प्रवेश भी हो चुका है। इतना ही नहीं, बस्तर क्षेत्र में नक्सलवाद समाप्त हो रहा है। आत्मसमर्पित नक्सलियों के लिए 15,000 प्रधानमंत्री आवासों की अलग से स्वीकृति हुई है। पीवीजीटी समुदाय के लोगों के लिए अलग से 32,000 पीएम आवासों की स्वीकृति हुई है।

Ads

R.O.NO. 13784/149 Advertisement Carousel

MP info RSS Feed

फेसबुक