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मुंबई। घरेलू शेयर बाजार में तेजी एवं अन्य उभरती अर्थव्यवस्थाओं की मुद्रा में मजबूती से भारतीय रुपया शुक्रवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 48 पैसे मजबूत होकर 69.72 रुपये प्रति डालर के स्तर पर पहुंच गया। व्यापारियों के मुताबिक निर्यातकों और बैंकों द्वारा डालर बिक्री से रुपये की विनिमय दर में यह वृद्धि दर्ज की गयी। उन्होंने कहा कि कच्चे तेल के ऊंचे दाम और विदेशी मुद्रा प्रवाह से हालांकि रुपये की बढ़त पर थोड़ा विराम लग गया।

ब्रेंट कच्चे तेल का दाम शुक्रवार को 2.14 प्रतिशत की उछाल के साथ 57.15 डॉलर प्रति बैरल पर रहा। अस्थायी आंकड़ों के मुताबिक शुक्रवार को विदेशी कोषों ने शुद्ध रूप से 157.72 करोड़ रुपये मूल्य की विदेशी मुद्रा की निकासी की गई, वहीं घरेलू संस्थागत निवेशकों ने 240.60 करोड़ रुपये मूल्य के शेयरों की खरीदारी की।
विदेशी मुद्रा बाजार में रुपया 69.95 के स्तर पर खुला और निर्यातकों की डॉलर बिक्री से 69.66 के स्तर तक पहुंच गया। हालांकि, आखिर में यह 69.72 के स्तर पर बंद हुआ। इससे पहले बृहस्पतिवार को रुपये लगातार दूसरे दिन कमजोर रहा और डॉलर के मुकाबले दो पैसे की गिरावट के साथ 70.20 के स्तर पर बंद हुआ था।

नयी दिल्ली। आईटी एवं कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने शुक्रवार को राज्यसभा में कहा कि एक लाख रुपए से कम राशि वाले आर्थिक फर्जीवाड़ों के मामलों पर गौर करने के लिए सरकार रिजर्व बैंक के साथ मिलकर काम कर रही है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि आंकड़ों की सुरक्षा के लिए एक विधेयक तैयार किया जा रहा है। उन्होंने उच्च सदन में प्रश्नकाल के दौरान पूरक सवालों के जवाब में यह जानकारी दी। अभी रिजर्व बैंक एक लाख रूपए से अधिक राशि से जुड़े फर्जीवाड़े के मामलों पर विभिन्न बैंकों के साथ मिलकर नजर रखता है।

 

 
प्रसाद ने बताया कि रिजर्व बैंक द्वारा मुहैया करायी गयी सूचना के अनुसार 2018-19 में सितंबर तक एटीएम-डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड और इंटरनेट बैकिंग से संबंधित धोखाधड़ी के 921 मामले रिपोर्ट किए गए। ये मामले करीब 40 करोड़ रूपए से जुड़े हैं। उन्होंने बताया कि पिछले वित्त वर्ष में ऐसे 2059 मामले रिपोर्ट किए गए जिनमें 109.56 करोड़ रूपए जुड़े हुए थे। प्रसाद ने कहा, ‘‘सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) की गतिशील प्रकृति और उभरते हुए साइबर खतरों की स्थिति को देखते हुए उचित सुरक्षा नियंत्रण नियोजित करके नेटवर्क और आंकड़े सुरक्षित करने के लिए स्वामी और प्रयोक्ताओं द्वारा सतत प्रयास किए जाने अपेक्षित हैं।’’
 
भारत की डिजिटल और आईटी ताकत का जिक्र करते हुए प्रसाद ने कहा कि दुनिया में इसकी मिसाल है। उन्होंने कहा कि भारत के आंकड़ों को कोई नहीं चुरा सकता है और नियमों का उल्लंघन करने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि आज का भारत नवसाम्राज्यवाद के सामने नहीं झुकेगा। उन्होंने कहा कि वित्तीय आंकड़ा सुरक्षा विधेयक तैयार किया जा रहा है जिसमें आंकड़ों की चोरी सहित विभिन्न मुद्दों को शामिल किया जाएगा। उन्होंने कहा कि साइबर अपराध से निबटने के लिए सुरक्षा अभ्यास के अलावा प्रशिक्षण पर भी जोर दिया जा रहा है उन्होंने कहा कि पुलिस में अलग से आईटी सेल भी बनाया गया है।
नयी दिल्ली। बंधन बैंक ने शुक्रवार को कहा कि कृष्णमूर्ति वी. सुब्रमण्यम ने उसके निदेशक मंडल से इस्तीफा दे दिया है। सुब्रमण्यम बंधन बैंक में स्वतंत्र निदेशक थे। सरकार द्वारा आर्थिक सलाहकार बनाये जाने के बाद उन्होंने यह इस्तीफा दिया। सरकार ने उन्हें सात दिसंबर को अगले तीन साल के लिये मुख्य आर्थिक सलाहकार नियुक्त करने की घोषणा की है।
 
बैंक ने शेयर बाजार को बताया, ‘‘हम यह बताना चाहेंगे कि केंद्र सरकार का मुख्य आर्थिक सलाहकार बन जाने के कारण प्रोफेसर कृष्णमूर्ति वी. सुब्रमण्यम ने चार जनवरी 2019 को एक ईमेल के जरिये बंधन बैंक के निदेशक मंडल में स्वतंत्र निदेशक का पद छोड़ दिया है।’’ पिछले साल जून में अरविंद सुब्रमण्यम के इस्तीफा दे देने के बाद से मुख्य आर्थिक सलाहकार का पद खाली चल रहा था।

वाशिंगटन। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को कहा कि वह अमेरिकी सरकार का कामकाज एक साल या उससे भी ज्यादा वक्त के लिए ठप रखने को तैयार हैं। राष्ट्रपति मेक्सिको-अमेरिकी सीमा पर दीवार बनाने के लिए अरबों डॉलर का अनुदान पाने की मांग से पीछे नहीं हट रहे हैं। इसे लेकर जारी गतिरोध के कारण सरकारी कर्मचारियों को वेतन देने और विभिन्न विभाग चलाने के लिए अनुदान मांग से जुड़ा विधेयक पारित नहीं हो पा रहा है। इस कारण सरकारी कामकाज दो सप्ताह से आंशिक रूप से ठप पड़ा है।

ट्रंप ने इसकी पुष्टि की है कि उन्होंने दो सप्ताह से जारी इस गतिरोध को खत्म करने के लिए डेमोक्रेट्स के साथ आयोजित बैठक में यह बात कही थी। ट्रंप ने कहा, ‘‘हां मैंने यह कहा। मुझे नहीं लगता कि ऐसा होगा, लेकिन मैं तैयार हूं।''

वाशिंगटन। अमेरिका के एक वरिष्ठ अधिकारी ने शुक्रवार को कहा कि सऊदी अरब द्वारा पत्रकार जमाल खशोगी की हत्या की जांच और उससे निपटने के मामले में अब भी पूर्ण विश्वसनीयता और जवाबदेही का अभाव है। अधिकारी ने कहा कि विदेश मंत्री माइक पोम्पिओ अगले सप्ताह मध्यपूर्व के आठ देशों की यात्रा के दौरान रियाद दौरे पर खशोगी की हत्या को लेकर सऊदी अरब पर दबाव बनाना जारी रखेंगे। अधिकारी ने पहचान सार्वजनिक नहीं करने की शर्त पर पत्रकारों से कहा, "वह पत्रकार जमाल खशोगी का मामला उठाएंगे और सऊदी नेतृत्व पर इस हफ्ते के आरंभ में शुरू हुई कानूनी प्रक्रिया में जवाबदेही और विश्वसनीयता बरतने का दबाव बनाएंगे।"
 
 
अधिकारी ने कहा, हमें नहीं लगता सऊदी अरब की ओर से शुरू की गई अब तक की कानूनी प्रक्रिया में किसी तरह की जवाबदेही और विश्वनीयता है। गौरतलब है कि बीते साल दो अक्टूबर को सऊदी अरब के करीबी से आलोचक बने वाशिंगटन पोस्ट के पत्रकार खशोगी की तुर्की में सऊदी दूतावास में हत्या कर दी गई थी, जिसके लिये अमेरिका समेत कई देशों ने सऊदी अरब को जिम्मेदार ठहराया था।
वॉशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को कहा कि चीन के साथ जारी व्यापार संबंधी बातचीत सही दिशा में जा रही है। ट्रंप ने रोज गार्डन में कहा, “हमारी चीन के साथ व्यापक स्तर पर व्यापार संबंधी बातचीत जारी है। राष्ट्रपति शी इसमें बहुत दिलचस्पी ले रहे हैं और मैं भी। हम उच्चतम स्तर पर बातचीत कर रहे हैं, हम बहुत अच्छा कर रहे हैं।” उन्होंने कहा, “इस बीच हमने चीन एवं अन्य से कई अरब डॉलर व्यापार शुल्क लिया है। हमारे स्टील उद्योग ने शानदार वापसी की है और इससे मैं बहुत खुश हूं।”
 
अमेरिका एवं चीन के शीर्ष अधिकारियों के बीच फिलहाल व्यापार संबंधी बातचीत जारी है। नवंबर में ट्रंप एवं शी अर्जेंटीना में हुए जी-20 शिखर वार्ता से इतर ब्यूनस आयर्स में मिले थे। ट्रंप ने कहा, “हम बहुत अच्छा कर रहे हैं। चीन हमें उम्दा व्यापार शुल्क चुका रहा है। हमें अमेरिका के राजकोष में अरबों डॉलर मिल रहे हैं जो इससे पहले इतिहास में चीन से हमें कभी नहीं मिला। जैसा कि आप जानते हैं कि यह बहुत अनुचित हुआ है।” ट्रंप ने कहा कि राष्ट्रपति शी के साथ उनकी मुलाकात शानदार रही है और दोनों एक-दूसरे को बहुत पसंद करते हैं एवं सम्मान करते हैं।

जोहानिसबर्ग। भारत यात्रा पर जा रहीं दक्षिण अफ्रीका के अंतरराष्ट्रीय संबंध एवं सहयोग विभाग की उप मंत्री जेगिना एमहाउले दोनों देशों के बीच व्यापार, निवेश और कौशल विकास के क्षेत्र में सहयोग पर बातचीत करेंगी। एमहाउले की भारत यात्रा रविवार से शुरू हो रही है। वह राजधानी दिल्ली में रायसीना संवाद में हिस्सा लेने के अलावा इस दौरान भारतीय अधिकारियों से विभिन्न विषयों पर चर्चा करेंगी। रायसीना संवाद 8-10 जनवरी तक चलेगा। यह संवाद भारत में भूराजनीतिक और भूआर्थिक मुद्दों पर समसामयिक चर्चा के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर का एक प्रमुख सम्मेलन है। इस संवाद में दुनिया भर से राजनयिक, राजनेता, नीतिनियंता और विशेषज्ञ शामिल होते हैं।

रायसीना संवाद का इस बार का मुख्य विषय ‘बदलते विश्व में, संबंधों की अस्थिरता और परिणामों की अनिश्चितता’ पर केंद्रित है। सम्मेलन का शीर्षक ‘ए वर्ल्ड रीआर्डर: न्यूजियोमेट्रीज ,फ्लूइड पार्टनरशिप्स , अनसर्टेन रिजल्ट्स’ रखा गया है। दक्षिण अफ्रीका के सरकारी अधिकारियों ने यहां बताया कि एमहाउले दिल्ली में विदेश राज्य मंत्री जनरल वीके सिंह से भी मुलाकात करेंगी। वह मुंबई भी जाएंगी और वहां भारतीय निवेशकों और शोधसंस्थानों के लोगों के साथ व्यापार , निवेश और पर्यटन के क्षेत्र में द्विपक्षीय संबंधों को बढ़ावा देने के विषय पर बातचीत करेंगी।

 

रायसीना संवाद में अफ्रीका महाद्वीप पर अच्छा ख्यासा ध्यान दिया जाता है। अधिकारियों ने कहा कि एमहाउले इस अवसर पर दक्षिण अफ्रीका की विदेश नीति के मुख्य विषयों को प्रस्तुत करेंगी। इसमें अफ्रीकी महाद्वीप के हितों को प्रोत्साहित करना, क्षेत्र और अंतरराष्ट्रीय टकराओं की रोकथाम और शांति को प्रोत्साहन देने जैसे मुद्दे शामिल होंगे। 

 

नयी दिल्ली। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शुक्रवार को कहा कि उसने भगोड़े हीरा कारोबारी मेहुल चोकसी की कंपनी गीतांजलि समूह की थाईलैंड में स्थित 13 करोड़ रुपये कीमत की एक फैक्टरी को कुर्क कर लिया है। यह कुर्की दो अरब डॉलर के कथित पीएनबी धोखाधड़ी मामले में की गई है। एजेंसी ने कहा कि उसने धन शोधन रोकथाम कानून (पीएमएलए) के तहत एब्बेक्रेस्ट (थाईलैंड) लिमिटेड के स्वामित्व वाली फैक्टरी की कुर्की के लिए एक अस्थायी आदेश जारी किया है। यह कंपनी गीताजंलि समूह की एक कंपनी है।

 

 ईडी ने एक बयान में कहा, “पीएमएलए के तहत जांच से पता चला कि एब्बेक्रेस्ट (थाईलैंड) लिमिटेड 92.3 करोड़ रुपये तक के उन गारंटी पत्रों (एलओयू) का लाभार्थी था जो पंजाब नेशनल बैंक की ओर से फर्जी एवं अनधिकृत तरीके से जारी किए गए थे। इसमें बताया गया कि संपत्ति की कीमत 13.14 करोड़ रुपये है। प्रवर्तन निदेशालय इस मामले की जांच पीएमएलए के तहत कर रहा है।
अधिकारियों ने बताया कि ईडी जांचकर्ता विदेश की इस संपत्ति की कुर्की की कानूनी औपचारिकता के लिए बहुत जल्द लेटर्स रोगेटरीज (न्यायिक आग्रह) प्राप्त कर लेंगे। ईडी ने कहा, “इस कुर्की के साथ पीएनबी घोटाले में की गई कुर्की/ जब्ती करीब 4,765 करोड़ रुपये तक की हो गई है। आगे की जांच जारी है।”

सिलचर (असम)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने असम के लोगों को शुक्रवार को भरोसा दिलाया कि एनआरसी से कोई भी असल नागरिक नहीं छूटेगा और उन्होंने नागरिकता विधेयक को संसद की जल्द ही मंजूरी मिलने की उम्मीद जताई। मोदी ने कालीनगर में ‘विजय संकल्प समावेश रैली’ को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘मैं एनआरसी (राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर) के दौरान कई लोगों को हुई दिक्कतों और मुश्किलों के बारे में जानता हूं लेकिन मैं आपको भरोसा दिलाता हूं कि किसी भी वास्तविक भारतीय नागरिक के साथ अन्याय नहीं होगा।’’ उन्होंने पूर्वोत्तर में भाजपा की लोकसभा चुनाव प्रचार मुहिम की शुरूआत करते हुए कहा, ‘‘सरकार नागरिकता (संशोधन) विधेयक पर और काम कर रही है। यह लोगों की जिंदगी और भावनाओं से जुड़ा है। यह किसी के फायदे के लिए नहीं है बल्कि अतीत में हुए कई गलत कार्यों एवं अन्याय का प्रायश्चित है।

 

 मोदी ने 35 साल से ‘‘लटके’’ असम समझौते की धारा छह को लागू करने के सरकार के निर्णय के बारे में भी बात की। उन्होंने कहा, ‘‘अब असम की सामाजिक, सांस्कृतिक एवं भाषायी पहचान की रक्षा का रास्ता साफ है।’’ मोदी ने कहा, ‘‘ हालिया पंचायत चुनावों में भाजपा के लिए मतदान करने के कारण मैं असम के लोगों का ऋणी हूं और मैं राज्य का विकास सुनिश्चित करके इस ऋण को चुकाने के लिए प्रतिबद्ध हूं।’’ उन्होंने 25 दिसंबर को असम के बोगीबील में देश के सबसे लंबे रेल-सड़क पुल के उद्घाटन का जिक्र करते हुए कहा, ‘‘मेरा सौभाग्य है कि मुझे पिछले 10 दिन में दूसरी बार असम के लोगों से मिलने का अवसर मिला। बराक और ब्रह्मपुत्र घाटियां केवल राज्य ही नहीं, बल्कि देश के लोगों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत हैं।’’
 
प्रधानमंत्री चुनाव प्रचार मुहिम के पहले चरण के तहत इम्फाल से सिलचर के कछार जिले पहुंचे। वह आचार संहिता लागू होने से पहले 100 दिनों में 20 राज्यों में रैलियां संबोधित करेंगे। भाजपा और उसके सहयोगियों ने क्षेत्र के आठ राज्यों में 25 संसदीय सीटों में से 21 में जीत का लक्ष्य रखा है। असम में पार्टी को 14 में से कम से कम 11 सीटों पर जीत की उम्मीद है। भाजपा को 2014 लोकसभा चुनाव में असम में 14 में से सात संसदीय सीटों पर जीत मिली थी। इसके अलावा 2016 विधानसभा चुनाव में भी पार्टी ने 61 सीटों पर जीत हासिल की थी।

नयी दिल्ली। राफेल मामले में कांग्रेस एवं राहुल गांधी के आरोपों को ‘असत्य एवं गुमराह’ करने वाला बताते हुए रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को कहा कि सरकार में रहते हुए कांग्रेस की मंशा 10 वर्षों में राफेल विमान खरीदने एवं राष्ट्रीय सुरक्षा की नहीं थी जबकि वर्तमान सरकार ने बेहतर शर्तों के आधार पर संप्रग के समय के उड़ान भरने की स्थिति वाले 18 विमानों की तुलना में 36 विमान खरीदने का सौदा 9 प्रतिशत कम कीमत पर किया। कांग्रेस पर निशाना साधते हुए सीतारमण ने कहा कि कांग्रेस नीत संप्रग सरकार के समय 10 वर्षों में एक भी राफेल विमान नहीं आया जबकि वर्तमान सरकार के तहत सरकारों के बीच समझौते पर 23 सितंबर, 2016 को हस्ताक्षर किया गया और पहला विमान इस तिथि से तीन साल के भीतर यानी 2019 में आ जाएगा और शेष विमान 2022 तक आ जाएंगे। राफेल विमान सौदे के मुद्दे पर लोकसभा में हुई चर्चा का जवाब देते हुए सीतारमण ने सदन में कहा कि ‘‘आपने (कांग्रेस) सौदे को रोक दिया। यह भूल गये कि वायुसेना को इसकी जरूरत है। क्योंकि यह सौदा आपको रास नहीं आया। दरअसल इससे आपको पैसा नहीं मिला।

 

सीतारमण ने इस दौरान संप्रग सरकार में तत्कालीन रक्षा मंत्री के संसद भवन परिसर में दिये बयान का जिक्र किया और कहा कि तब के रक्षा मंत्री ने कहा था कि इसके लिये पैसा कहां है। उन्होंने सवाल किया कि ‘किस पैसे की बात हो रही थी’, ‘किस पैसे के कारण सौदा नहीं हुआ’। कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि रक्षा सौदे और रक्षा में सौदे में काफी अंतर होता है। उन्होंने आरोप लगाया कि संप्रग सरकार के दौरान रक्षा से जुड़े विषयों पर खिलवाड़ चल रहा था। सीतारमण ने उच्चतम न्यायालय के फैसले का जिक्र करते हुए जोर दिया कि शीर्ष अदालत ने कीमत, प्रक्रिया और आफसेट तीन विषयों पर विचार करने के बाद कहा कि इन आधारों पर इस अदालत के हस्तक्षेप की जरूरत नहीं है। रक्षा मंत्री ने कहा साढ़े चार साल तक बिना भ्रष्टाचार के आरोपों के चली सरकार पर किसी न किसी तरह भ्रष्टाचार के आरोप लगाने की हताशा के तहत यह सब किया जा रहा है। रक्षा मंत्री ने कहा कि इस सरकार में रक्षा मंत्रालय बिना दलालों के चल रहा है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी फ्रांस के राष्ट्रपति का हवाला बिना सबूत के दे रहे हैं और प्रधानमंत्री मोदी पर निशाना साधते हैं। फ्रांस से निजी बातचीत के सबूत दिखाएं।

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