ईश्वर दुबे
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सिडनी। चेतेश्वर पुजारा के श्रृंखला के तीसरे शतक और सलामी बल्लेबाज मयंक अग्रवाल के साथ उनकी शतकीय साझेदारी से भारत ने चौथे और अंतिम क्रिकेट टेस्ट के पहले दिन गुरुवार को यहां चार विकेट पर 303 रन बनाकर आस्ट्रेलिया के खिलाफ अपना पलड़ा भारी रखा। पुजारा ने 250 गेंद में 16 चौकों की मदद से नाबाद 130 रन की पारी खेलने के अलावा हनुमा विहारी (नाबाद 39) के साथ पांचवें विकेट के लिए 75 रन की अटूट साझेदारी करके भारत को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। इससे पहले उन्होंने अग्रवाल (77) के साथ दूसरे विकेट के लिए 116 जबकि कप्तान विराट कोहली (23) के साथ तीसरे विकेट के लिए 54 रन की साझेदारी की। यह पहला मौका है जब पुजारा ने किसी श्रृंखला में तीन शतक जड़े हैं।
क सुंदर सा घर हो अपना- इस बात का सपना तो बहुत लोग देखते हैं, लेकिन इसे साकार करने के लिए माकूल जुगत बहुत कम लोग ही बिठा पाते हैं। ऐसा इसलिए कि किसी के पास नियमित आय का अभाव होता है तो किसी के पास ऋण जमानत दाता का।
गोवा के बिजली मंत्री और प्रदेश भाजपा प्रवक्ता निलेश काबराल ने बुधवार को कहा कि राफेल विमान सौदे पर मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर की अध्यक्षता में मंत्रिमंडल की बैठक में कोई चर्चा नहीं हुई।
पणजी। गोवा के बिजली मंत्री और प्रदेश भाजपा प्रवक्ता निलेश काबराल ने बुधवार को कहा कि राफेल जंगी विमान सौदे पर मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर की अध्यक्षता में मंत्रिमंडल की बैठक में कोई चर्चा नहीं हुई। इससे पहले दिन में कांग्रेस गोवा के स्वास्थ्य मंत्री विश्वजीत राणे और एक अन्य व्यक्ति के बीच कथित बातचीत का एक ऑडियो क्लिप सामने लायी थी जिसमें मंत्री कहते हैं कि पिछले हफ्ते मंत्रिमंडल की एक बैठक में पर्रिकर ने कहा कि उनके बेडरुम में राफेल सौदे की पूरी फाइलें पड़ी हैं।
पर्रिकर और राणे दोनों ने इससे इनकार किया है। काबराल ने कहा कि ऑडियो में जिस बैठक का जिक्र है, उस तीन-चार घंटे की बैठक में राफेल पर कोई चर्चा नहीं हुई। उन्होंने कहा कि राफेल हमारा विषय नहीं है। हमारे द्वारा इस पर चर्चा करने का प्रश्न नहीं उठता है। उन्होंने कहा कि प्रदेश भाजपा ने पर्रिकर से इन आरोपों की जांच कराने का अनुरोध किया है। पर्रिकर के पास गृह विभाग भी है।
नागपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) प्रमुख मोहन भागवत ने बुधवार को कहा कि अयोध्या में केवल राम मंदिर बनेगा। भागवत ने यह टिप्पणी ऐसे समय की है जब एक दिन पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही राम मंदिर पर अध्यादेश के संबंध में कोई फैसला हो सकता है, लेकिन उन्होंने जोर दिया कि केन्द्र अपनी जिम्मेदारियों को पूरा करने के लिए सभी प्रयास करने को तैयार है।
बुधवार को इससे पहले, विश्व हिन्दू परिषद (विहिप) ने कहा कि हिन्दू राम मंदिर पर अदालत के फैसले के लिए ‘अनंतकाल तक’ इंतजार नहीं कर सकते और इसके निर्माण की दिशा में आगे बढने का एकमात्र रास्ता कानून बनाना है। राम मंदिर से जुड़े एक सवाल के जवाब में भागवत ने कहा, ‘अयोध्या में सिर्फ राम मंदिर बनेगा।’ उन्होंने कहा कि हमारी भगवान राम में आस्था है। वह समय बदलने में समय नहीं लेते।
आरएसएस प्रमुख यहां एक कार्यक्रम में शामिल होने के बाद मीडिया से बात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि आरएसएस मंदिर मुद्दे पर उसके महासचिव भैयाजी जोशी द्वारा दिये गये बयान पर अडिग है। जोशी ने मंगलवार को कहा था कि आम जनता और सत्ता में मौजूद लोग चाहते हैं कि अयोध्या में विवादित भूमि पर राम मंदिर बने।
नयी दिल्ली। उच्चतम न्यायालय ने कहा है कि लिव-इन पार्टनर के बीच सहमति से बना शारीरिक संबंध बलात्कार नहीं होता, अगर व्यक्ति अपने नियंत्रण के बाहर की परिस्थितियों के कारण महिला से शादी नहीं कर पाता है। शीर्ष अदालत ने महाराष्ट्र की एक नर्स द्वारा एक डॉक्टर के खिलाफ दर्ज कराई गई प्राथमिकी को खारिज करते हुए यह बात कही। दोनों ‘कुछ समय तक’ लिव-इन पार्टनर थे।
न्यायमूर्ति ए. के. सिकरी और न्यायमूर्ति एस. अब्दुल नजीर की पीठ ने हाल में दिए गए एक फैसले में कहा, ‘बलात्कार और सहमति से बनाए गए यौन संबंध के बीच स्पष्ट अंतर है। इस तरह के मामलों को अदालत को पूरी सतर्कता से परखना चाहिए कि क्या शिकायतकर्ता वास्तव में पीड़िता से शादी करना चाहता था या उसकी गलत मंशा थी और अपनी यौन इच्छा को पूरा करने के लिए उसने झूठा वादा किया था क्योंकि गलत मंशा या झूठा वादा करना ठगी या धोखा करना होता है।’
पीठ ने यह भी कहा, ‘अगर आरोपी ने पीड़िता के साथ यौन इच्छा की पूर्ति के एकमात्र उद्देश्य से वादा नहीं किया है तो इस तरह का काम बलात्कार नहीं माना जाएगा।’ प्राथमिकी के मुताबिक विधवा महिला चिकित्सक के प्यार में पड़ गई थी और वे साथ-साथ रहने लगे थे। पीठ ने कहा, ‘इस तरह का मामला हो सकता है कि पीड़िता ने प्यार और आरोपी के प्रति लगाव के कारण यौन संबंध बनाए होंगे न कि आरोपी द्वारा पैदा किए गलतफहमी के आधार पर या आरोपी ने चाहते हुए भी ऐसी परिस्थितियों के तहत उससे शादी नहीं की होगी जिस पर उसका नियंत्रण नहीं था। इस तरह के मामलों को अलग तरह से देखा जाना चाहिए।’
अदालत ने कहा कि अगर व्यक्ति की मंशा गलत थी या उसके छिपे इरादे थे तो यह स्पष्ट रूप से बलात्कार का मामला था। मामले के तथ्यों का जिक्र करते हुए अदालत ने कहा कि वे कुछ समय से साथ रह रहे थे और महिला को जब पता चला कि व्यक्ति ने किसी और से शादी कर ली है तो उसने शिकायत दर्ज करा दी। पीठ ने कहा, ‘हमारा मानना है कि अगर शिकायत में लगाए गए आरोपों को उसी रूप में देखें तो आरोपी (डॉक्टर) के खिलाफ मामला नहीं बनता है।’ व्यक्ति ने बंबई उच्च न्यायालय के फैसले के खिलाफ उच्चतम न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था जिसने उसके खिलाफ दर्ज प्राथमिकी को रद्द करने की मांग वाली याचिका खारिज कर दी थी।
नयी दिल्ली। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने बुधवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को बृहस्पतिवार को संसद में राफेल सौदे पर ‘ओपन बुक’ परीक्षा का सामना करना है। राहुल ने सवाल किया कि वह परीक्षा में खुद आएंगे या अपने प्रतिनिधि को भेजेंगे। राहुल ने ‘परीक्षा’ के लिए प्रधानमंत्री को चार सवाल भी भेजे और उनसे पूछा कि हर विमान के लिए 560 करोड़ रुपये की जगह 1600 करोड़ रुपये का भुगतान क्यों हुआ और करार ‘एए’ (रिलायंस समूह के अनिल अंबानी का संदर्भ) को क्यों दिया गया, सार्वजनिक क्षेत्र की हिन्दुस्तान ऐरोनाटिक्स लिमिटेड को क्यों नहीं।
कांग्रेस अध्यक्ष ने ट्विटर पर लिखा, ‘कल, प्रधानमंत्री संसद में ‘ओपन बुक राफेल सौदा परीक्षा’ का सामना करेंगे।’ उन्होंने लिखा ‘परीक्षा के प्रश्न ये हैं: प्रश्न1: 126 की जगह 36 विमानों की जरूरत क्यों? प्रश्न2: 560 करोड़ रुपये प्रति विमान की जगह 1600 करोड़ रुपये क्यों? प्रश्न3: मोदी जी, कृपया हमें बताइए कि पर्रिकर जी राफेल फाइल अपने बेडरूम में क्यों रखते हैं और इसमें क्या है? प्रश्न4: ‘एचएएल’ की जगह ‘एए’ क्यों? क्या वह (मोदी) आएंगे या प्रतिनिधि भेजेंगे?’
गांधी ने बुधवार को लोकसभा में प्रधानमंत्री पर निशाना साधा और बाद में संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री ‘‘अपने कक्ष में छिप’’ रहे हैं और उनके पास राफेल सौदे पर संसद में सवालों का सामना करने की हिम्मत नहीं है।
मेरठ। बुलंदशहर में हाल ही में भीड़ के हिंसक हो जाने की घटना के मुख्य आरोपी योगेश राज को गिरफ्तार कर लिया गया है। इस हिंसा में एक पुलिस निरीक्षक एवं एक आम नागरिक की मौत हो गई थी। पुलिस ने बताया कि बजरंग दल का स्थानीय संयोजक राज पिछले साल तीन दिसंबर को हुई हिंसा के बाद से फरार था। उसे बुधवार की रात करीब साढ़े 11 बजे राष्ट्रीय राजमार्ग 91 पर खुर्जा टी प्वाइंट से गिरफ्तार किया गया। इससे पहले बुधवार सुबह हिंसा के आरोपी सतीश एवं विनीत और गोकशी मामले के आरोपी अजहर ने बुलंदशहर की स्थानीय अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया था।
क्षेत्राधिकारी (स्याना) राघवेंद्र कुमार मिश्रा ने बृहस्पतिवार सुबह पीटीआई- बताया कि हां, योगेश राज को गिरफ्तार कर लिया गया है। उसकी चिकित्सीय जांच कराई जा रही है और कुछ समय बाद कानूनी कार्यवाही के लिए उसे आज स्थानीय अदालत में पेश किया जाएगा। भीड़़ की हिंसा के दौरान पुलिस निरीक्षक सुबोध कुमार सिंह और 20 वर्षीय सुमित कुमार की गोली लगने से मौत हो गई थी। इस हिंसा के लिए स्याना पुलिस थाने में 27 लोगों के खिलाफ नामजद और 50 से 60 अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। राज की शिकायत पर पुलिस ने गोहत्या के लिए एक अलग प्राथमिकी दर्ज की थी।
नयी दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत लाल बहादुर शास्त्री के प्रसिद्ध नारे ‘जय जवान जय किसान’ और पूर्व प्रधानमंत्री दिवंगत अटल बिहारी वाजपेयी के नारे ‘जय विज्ञान’ में बृहस्पतिवार को ‘जय अनुसंधान’ जोड़ दिया। वह जालंधर में आयोजित 106वीं भारतीय विज्ञान कांग्रेस में ‘भविष्य का भारत: विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी’ विषय पर बोल रहे थे। प्रधानमंत्री ने कहा कि भारतीय वैज्ञानिकों का जीवन और कार्य प्रौद्योगिकी विकास तथा राष्ट्र निर्माण के साथ गहरी मौलिक अंतदृर्ष्टि के एकीकरण का शानदार उदाहरण है। उन्होंने कहा, ‘‘आज का नया नारा है- जय जवान, जय किसान, जय विज्ञान, जय अनुसंधान। मैं इसमें जय अनुसंधान जोड़ना चाहूंगा।’’
नयी दिल्ली। विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने बृहस्पतिवार को राज्यसभा में कहा कि राफेल विमान सौदे पर कांग्रेस द्वारा उठाए गए सभी मुद्दों को उच्चतम न्यायालय ने स्पष्ट कर दिया है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि इस संबंध में कोई विवाद नहीं है, विवाद सिर्फ कांग्रेस नेताओं के मन में है। सुषमा स्वराज ने राज्यसभा में प्रश्नकाल के दौरान पूरक सवालों के जवाब में यह टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि राफेल मामले में उच्चतम न्यायालय ने सभी मुद्दों को स्पष्ट कर दिया है। उनके जवाब से असंतोष जताते हुए कांग्रेस सदस्यों से सदन से वाकआउट किया। अपने पूरक सवाल में कांग्रेस नेता आनंद शर्मा ने सरकार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पूर्व फ्रांसीसी राष्ट्रपति ओलांद के बीच हुयी बैठक का ब्यौरा (मिनट) सार्वजनिक करने की मांग की ताकि इससे जुड़े विवाद का हल हो।
नयी दिल्ली। भाजपा के सहयोगी और केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान ने बृहस्पतिवार को राम मंदिर मुद्दे पर अध्यादेश का विरोध किया और कहा कि मामले में उच्चतम न्यायालय का निर्णय अंतिम होना चाहिए। लोक जनशक्ति पार्टी के अध्यक्ष ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘राम मंदिर के मुद्दे पर उच्चतम न्यायालय जो भी निर्णय दे वह सभी को स्वीकार्य होना चाहिए, चाहे वे हिंदू हों, मुस्लिम हों या अन्य समुदाय के लोग हों। हमारा रूख एक समान रहा है। प्रधानमंत्री ने जब कहा कि हम उच्चतम न्यायालय के निर्णय का इंतजार करेंगे तो सभी अगर-मगर खत्म हो जाना चाहिए।’’
यह पूछने पर कि इस मुद्दे पर क्या वह अध्यादेश का समर्थन करेंगे तो पासवान ने कहा कि उनका रूख एकसमान रहा है और वह इसका समर्थन नहीं करेंगे। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को कहा था कि इस मुद्दे पर सरकार कोई निर्णय नहीं करेगी जब तक कि न्यायिक प्रक्रिया खत्म नहीं हो जाती है। विश्व हिंदू परिषद् जैसे हिंदुवादी समूह अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए अध्यादेश लाने की मांग करते रहे हैं।